लुधियाना में मशहूर पंडित छोले-कुलचे वाले के बेटे की गोली मारकर हत्या, बर्थडे बॉय ने वीडियो जारी कर दी सफाई
लुधियाना में मशहूर पंडित छोले-कुलचे वाले परिवार के बेटे राहुल शर्मा (34) की गोली लगने से मौत हो गई। राहुल बुधवार रात पक्खोवाल रोड स्थित तलवार कॉलोनी में अपने दोस्त अखिल जोशी की बर्थडे पार्टी में शामिल होने गए थे। पुलिस के अनुसार, पार्टी के दौरान कहासुनी के बाद गोली चली। मामले में आठ लोगों के खिलाफ हत्या और आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है।
घटना के बाद बर्थडे पार्टी के आयोजक अखिल जोशी ने वीडियो जारी कर अपना पक्ष रखा। उन्होंने दावा किया कि राहुल को गोली गगन की रिवॉल्वर से गलती से चली गोली लगने के कारण लगी। अखिल ने कहा कि वे घटनास्थल या अस्पताल से फरार नहीं हुए, बल्कि डर के कारण वहां से चले गए। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
बर्थडे पार्टी में विवाद के बाद चली गोली
पुलिस के मुताबिक, राहुल शर्मा बुधवार रात अपने दोस्त अखिल जोशी के घर आयोजित जन्मदिन की पार्टी में पहुंचे थे। वहां करीब 8 से 10 युवक मौजूद थे। बताया गया है कि केक काटने के समय राहुल और कुछ अन्य युवकों के बीच कहासुनी हो गई, जो बाद में विवाद में बदल गई।
पुलिस की शुरुआती जांच के अनुसार, विवाद के दौरान पिस्टल निकाली गई और गोली चलने से राहुल गंभीर रूप से घायल हो गए। पार्टी में मौजूद युवक उन्हें तुरंत डीएमसी अस्पताल लेकर पहुंचे।
परिवार को फोन पर मिली गोली लगने की सूचना
राहुल के परिजनों के मुताबिक, उन्हें फोन करके बताया गया कि राहुल को गोली लगी है और उन्हें डीएमसी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। परिवार के सदस्य अस्पताल पहुंचे, लेकिन तब तक राहुल की मौत हो चुकी थी।
रिपोर्ट के अनुसार, राहुल की मौत बुधवार रात करीब 11:55 बजे हुई थी। परिवार को घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस को मामले की जानकारी दी गई। राहुल की शादी करीब तीन साल पहले हुई थी।
बर्थडे बॉय अखिल जोशी ने वीडियो जारी कर क्या कहा?
जिस घर में पार्टी आयोजित की गई थी, वहां के मालिक अखिल जोशी ने वीडियो जारी करके घटना के बारे में अपना पक्ष रखा। अखिल के मुताबिक, उनके जन्मदिन पर गगन, परमिंदर, राहुल और अन्य दोस्त डिनर के लिए आए थे। सभी साथ बैठे थे, तभी अचानक गोली चलने की आवाज आई और राहुल नीचे गिर गए।
अखिल ने दावा किया कि जब उन्होंने गगन से पूछा तो उसने बताया कि वह अपनी रिवॉल्वर निकालकर टेबल पर रख रहा था, तभी अचानक गोली चल गई और राहुल को लग गई। अखिल के अनुसार, घटना के बाद वह गगन और परमिंदर के साथ राहुल को डीएमसी अस्पताल लेकर गए और परिवार को सूचना दी।
अखिल ने यह भी कहा कि वे सुबह करीब पांच बजे तक राहुल के परिजनों के साथ अस्पताल में मौजूद थे। उनके मुताबिक, अस्पताल में कुछ लोगों को यह कहते सुना कि वे भी उन्हें इसी तरह मारेंगे। इससे घबराकर वह और परमिंदर वहां से चले गए।
अखिल ने स्पष्ट किया कि उनके अनुसार, वे भागे नहीं थे, बल्कि डर के कारण अस्पताल से निकले। उन्होंने घटना पर दुख जताते हुए कहा कि वे राहुल के परिवार के साथ हैं। हालांकि, अखिल के बयान और गोली चलने की परिस्थितियों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
राहुल के साले पीयूष शर्मा ने बताई अस्पताल पहुंचने की बात
राहुल के साले पीयूष शर्मा ने बताया कि उन्हें रात करीब पौने दो बजे फोन आया और अस्पताल पहुंचने के लिए कहा गया। वे कैब से डीएमसी अस्पताल पहुंचे, लेकिन वहां पहुंचने तक राहुल का शव मोर्चरी में भेजा जा चुका था।
पीयूष के अनुसार, अखिल ने उन्हें बताया था कि एक गोली चली थी और गोली चलने वाले युवक का नाम गगनदीप है। उन्होंने कहा कि पार्टी में करीब दस लोग मौजूद थे। हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि वे देर से अस्पताल पहुंचे थे, इसलिए झगड़े की परिस्थितियों की उन्हें प्रत्यक्ष जानकारी नहीं थी।
पोस्टमॉर्टम के दौरान दो बार हुआ एक्स-रे
रिपोर्ट के अनुसार, राहुल के पोस्टमॉर्टम के दौरान गोली मिलने की बात सामने आई। पोस्टमॉर्टम करीब तीन घंटे चला और इस दौरान दो बार एक्स-रे कराया गया।
परिवार का आरोप था कि राहुल को दो गोलियां लगी थीं, जबकि शुरुआती एक्स-रे में एक गोली दिखाई देने की बात कही गई। परिवार की मांग पर दोबारा एक्स-रे कराया गया। सूत्रों के मुताबिक, उसमें भी एक ही गोली दिखाई दी। गोली लगने की वास्तविक परिस्थितियों और अन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है।
आठ लोगों के खिलाफ केस, गिरफ्तारी के लिए चार टीमें गठित
पुलिस ने राहुल के साले पीयूष शर्मा के बयान के आधार पर आठ लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इनमें अखिल जोशी, परमराज, गगनदीप और अन्य अज्ञात युवक शामिल हैं। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1) और आर्म्स एक्ट की धाराएं 25, 27, 54 और 59 लगाई गई हैं।
लुधियाना के डीसीपी (सिटी) आलम विजय सिंह ने बताया कि शुरुआती जांच में विवाद के बाद गोली चलने की बात सामने आई है। फिलहाल किसी पुरानी रंजिश की जानकारी नहीं मिली है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
डीसीपी के अनुसार, आरोपियों की तलाश के लिए चार टीमें बनाई गई हैं। इनमें सीआईए और स्थानीय सदर थाना पुलिस की टीमें भी शामिल हैं।
1950 के बाद से मशहूर हैं पंडित जी के छोले-कुलचे
राहुल का परिवार लुधियाना में अपने पारंपरिक छोले-कुलचे के लिए जाना जाता है। फाउंटेन चौक के पास सिमेट्री रोड पर स्थित पंडित जी के छोले-कुलचे की शुरुआत परिवार के बुजुर्ग खुशी राम शर्मा ने की थी। इसके बाद पंडित कुलदीप शर्मा और परिवार की अगली पीढ़ी ने इस काम को आगे बढ़ाया।
परिवार की खास पहचान बिना तेल और तड़के के छोले तैयार करना है। इनमें प्याज और लहसुन का इस्तेमाल भी नहीं किया जाता। रिपोर्ट के मुताबिक, यह दुकान 1950 के बाद से शहर में लोगों के बीच लोकप्रिय रही है।

