Punjabi Doordarshan | विशेष रिपोर्ट
चंडीगढ़/पंजाब: पंजाब के मुख्यमंत्री Bhagwant Mann और पर्यावरण प्रेमी संत Balbir Singh Seechewal के बीच अहम बैठक हुई, जिसमें बाढ़ सुरक्षा, सड़क निर्माण और नदी प्रदूषण जैसे मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
धुसी बांध को मजबूत करने पर जोर
बैठक के दौरान संत सीचेवाल ने Sutlej River के किनारे स्थित धुसी बांध को मजबूत करने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने गिद्दड़पिंडी से फिल्लौर तक करीब 89 किलोमीटर लंबी और 18 फुट चौड़ी कंक्रीट सड़क बनाने का प्रस्ताव रखा।
उनका कहना है कि इस सड़क के निर्माण से बांध को मजबूती मिलेगी और बाढ़ के खतरे से आसपास के क्षेत्रों को सुरक्षा मिल सकेगी।
117 करोड़ की परियोजना
इस परियोजना की अनुमानित लागत करीब 117 करोड़ रुपये बताई गई है। पंजाब राज्य मंडी बोर्ड की रिपोर्ट के अनुसार, यह सड़क National Bank for Agriculture and Rural Development (NABARD) की मदद से बनाई जानी प्रस्तावित है।
संत सीचेवाल ने यह भी कहा कि मानसून से पहले इस परियोजना पर काम शुरू करना बेहद जरूरी है, ताकि संभावित बाढ़ से बचाव किया जा सके।
कमजोर हिस्सों पर चल रहा काम
उन्होंने जानकारी दी कि मंडला छन्ना क्षेत्र में धुसी बांध के लगभग 2200 फुट लंबे कमजोर हिस्से को पत्थरों से मजबूत किया जा रहा है। यहां पहले सतलुज नदी के बहाव के कारण कई घर क्षतिग्रस्त हो चुके हैं।
इस क्षेत्र में 13 स्टड और 2 स्पर बनाए जा रहे हैं और लक्ष्य है कि मानसून से पहले यह कार्य पूरा कर लिया जाए।
बुद्धा दरिया के प्रदूषण पर भी चर्चा
बैठक में Buddha Dariya के प्रदूषण का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया गया। संत सीचेवाल ने मुख्यमंत्री के साथ इस संबंध में तैयार प्रस्ताव और नक्शा साझा किया।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने भरोसा दिलाया कि वह अप्रैल के अंत में बुद्धा दरिया की सफाई कार्यों का दौरा करेंगे और इसे प्रदूषण मुक्त बनाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।
यह बैठक पंजाब में बाढ़ नियंत्रण, पर्यावरण संरक्षण और इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के लिए अहम मानी जा रही है।

