गुरदासपुर | Punjabi Doordarshan
पंजाब के गुरदासपुर से इंसानियत को झकझोर देने वाला साइबर ठगी का मामला सामने आया है, जहाँ बेरहम साइबर ठगों ने एक 100% अपाहिज दंपती की जीवन भर की मेहनत की कमाई को एक ही दिन में लूट लिया। पीड़ित दंपती अपनी छठी कक्षा में पढ़ने वाली बेटी के उज्ज्वल भविष्य के लिए एक-एक रुपया जोड़कर बचत कर रहा था, लेकिन ठगों ने उनकी सारी उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
पीड़ित इंदरजीत, निवासी गांव झावर, जो जन्म से ही 100 प्रतिशत अपाहिज हैं, गांव में फोटोस्टेट का छोटा सा काम कर अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे। उनकी पत्नी संयोगता देवी भी 100 प्रतिशत अपाहिज हैं और घर संभालने का कार्य करती हैं। दंपती की आर्थिक हालत इतनी खराब है कि बारिश में टपकते घर की मरम्मत करवाने तक के पैसे उनके पास नहीं हैं।
इसी बीच साइबर ठगों ने इंदरजीत का मोबाइल फोन हैक कर उनके बैंक खाते से एक ही दिन में चार अलग-अलग ट्रांजैक्शन के माध्यम से
₹24,773, ₹24,773, ₹24,998 और ₹24,995 — कुल मिलाकर लगभग ₹1 लाख रुपये उड़ा लिए। यह पूरा पैसा UPI के माध्यम से निकाला गया और पंजाब नेशनल बैंक जीवनवाल बबरी शाखा से ट्रांसफर किया गया।
पीड़ित परिवार का कहना है कि अब उनके पास बेटी की पढ़ाई के लिए भी कुछ नहीं बचा है और वे मानसिक रूप से टूट चुके हैं। इंदरजीत इन दिनों अपने पैसे वापस पाने के लिए बैंक और साइबर क्राइम कार्यालय के चक्कर काट रहे हैं।
इस मामले में बैंक मैनेजर विकास ने बताया कि लेनदेन UPI के ज़रिये हुआ है और अब इसकी जांच साइबर क्राइम विभाग करेगा।
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि साइबर अपराधी किसी की मजबूरी, अपंगता या भविष्य की परवाह किए बिना सिर्फ अपना स्वार्थ देखते हैं। प्रशासन और साइबर सुरक्षा एजेंसियों से मांग की जा रही है कि दोषियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर पीड़ित परिवार को न्याय दिलाया जाए।

