पंजाब में कड़ाके की ठंड का Red Alert, 14 से 16 जनवरी तक मौसम विभाग ने जारी की चेतावनी
जालंधर | Punjabi Doordarshan
पंजाब में शीत लहर का प्रकोप लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को प्रदेश के कई हिस्सों में न्यूनतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया, जबकि कुछ जिलों में यह 2 डिग्री तक गिर गया। ज़मीन का तापमान 0 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड होने से ठिठुरन और भी ज्यादा बढ़ गई है।
ठंड के साथ-साथ अब घने से घना कोहरा लोगों की परेशानियों का कारण बन गया है। सुबह तड़के और देर रात विजिबिलिटी बेहद कम हो रही है, जिससे सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो रहा है। हाइवे और बाहरी इलाकों में धुंध का प्रभाव सबसे अधिक देखा जा रहा है।
हिमाचल की बर्फबारी से बढ़ी ठंड
पहाड़ी इलाकों में ताजा बर्फबारी के कारण पूरे उत्तर भारत में ठंड का असर और तेज हो गया है। हिमाचल प्रदेश में हुए नए हिमपात ने पंजाब में शीत लहर और ठिठुरन को और गहरा कर दिया है। धूप निकलने के बावजूद ठंड से कोई बड़ी राहत नहीं मिली, जिससे लोग घरों में दुबकने को मजबूर हो गए। त्योहारों के मौसम के बावजूद बाजारों में रौनक कम नजर आई।
मौसम विभाग का अलर्ट
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के चंडीगढ़ केंद्र ने पंजाब और आसपास के राज्यों के लिए Red Alert जारी किया है। विभाग के अनुसार:
- 13 जनवरी: Red Alert
- 14 से 16 जनवरी: Yellow Alert
- अगले 2–3 दिन तक घना से घना कोहरा छाए रहने की संभावना
- अधिकतम तापमान में और गिरावट संभव
कोहरे के कारण परिवहन सेवाओं पर गंभीर असर पड़ने की चेतावनी दी गई है।
वाहन चालकों को विशेष सलाह
कोहरे के कारण सड़क दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। प्रशासन ने वाहन चालकों को सलाह दी है कि:
- सुबह तड़के यात्रा से पहले अतिरिक्त समय लेकर निकलें
- धीमी गति से वाहन चलाएं
- फॉग लाइट का प्रयोग करें
- विजिबिलिटी कम होने पर अत्यधिक सतर्कता बरतें
पिछले दिनों धुंध के कारण कई दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, ऐसे में सावधानी बेहद जरूरी है।
कुल मिलाकर, पंजाब में ठंड और कोहरे का यह संयुक्त प्रभाव जनजीवन, यातायात और स्वास्थ्य के लिए गंभीर चुनौती बन गया है। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में हालात और कठिन हो सकते हैं, ऐसे में सतर्क रहना बेहद जरूरी है।

