लंदन में सिख युवती के कथित Grooming को लेकर मां का दावा, बोलीं- बेटी का व्यवहार पूरी तरह बदल गया
पठानकोट/लंदन: ब्रिटेन में रहने वाली 19 वर्षीय सिख युवती को लेकर उसकी मां ने कथित grooming और परिवार से दूरी बनाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। एक पंजाबी चैनल से बातचीत में मां ने दावा किया कि यूनिवर्सिटी जाने के बाद उनकी बेटी के व्यवहार में अचानक बदलाव आने लगा। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और संबंधित युवती या पुलिस की ओर से इस मामले में सार्वजनिक रूप से कोई विस्तृत पक्ष सामने नहीं आया है।
मां के मुताबिक उनकी बेटी ब्रिटेन में ही जन्मी और पली-बढ़ी है। परिवार का कहना है कि वह पहले धार्मिक गतिविधियों में हिस्सा लेती थी और गुरुद्वारे में सेवा भी करती थी। लेकिन यूनिवर्सिटी में दाखिला लेने के बाद उसके व्यवहार में धीरे-धीरे बदलाव दिखाई देने लगा।
यूनिवर्सिटी जाने के बाद बदला व्यवहार, मां ने जताया संदेह
मां का कहना है कि बेटी ने सितंबर 2025 में यूनिवर्सिटी में पढ़ाई शुरू की थी। शुरुआत में सब कुछ सामान्य रहा, लेकिन बाद में वह एक छात्राओं के समूह के संपर्क में आई और इसके बाद एक युवक से भी उसकी बातचीत शुरू हुई।
परिवार के अनुसार, जून 2026 के आसपास उन्हें महसूस हुआ कि बेटी के व्यवहार में काफी बदलाव आ चुका है। मां का दावा है कि वह पहले परिवार के साथ बेहद सम्मानजनक व्यवहार करती थी, लेकिन बाद में काफी आक्रामक हो गई और परिवार से दूरी बनाने लगी।
परिवार का दावा- धार्मिक गतिविधियों से भी दूर हुई
मां के अनुसार, बेटी पहले नियमित रूप से पाठ करती थी और परिवार के साथ गुरुद्वारे जाकर सेवा में हिस्सा लेती थी। उनका आरोप है कि बाद में उसने इन गतिविधियों को छोड़ दिया।
परिवार इसे कथित तौर पर मानसिक प्रभाव या grooming से जोड़ रहा है। हालांकि, किसी व्यक्ति के धार्मिक या निजी व्यवहार में बदलाव को अपने आप में grooming का प्रमाण नहीं माना जा सकता। इस मामले में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र जांच या पुष्टि की जानकारी फिलहाल सामने नहीं है।
मां का दावा- पुलिस में परिवार के खिलाफ शिकायत की
मां ने आरोप लगाया कि जब परिवार ने बेटी से बातचीत कर उसे समझाने की कोशिश की तो उसने लंदन पुलिस से संपर्क किया। मां का कहना है कि बेटी ने परिवार पर मारपीट के आरोप लगाए, जिन्हें वह पूरी तरह गलत बताती हैं।
परिवार के अनुसार, इसके बाद युवती घर छोड़कर चली गई। मां ने ब्रिटेन में रहने वाले सिख समुदाय के लोगों से मदद की अपील भी की है।
Grooming क्या होता है?
Grooming एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें कोई व्यक्ति किसी दूसरे व्यक्ति का विश्वास हासिल करके धीरे-धीरे उस पर भावनात्मक, सामाजिक या मनोवैज्ञानिक प्रभाव बनाने की कोशिश करता है। इसका इस्तेमाल शोषण, नियंत्रण या अन्य गलत गतिविधियों के लिए किया जा सकता है।
हालांकि, किसी रिश्ते, दोस्ती या सामाजिक संपर्क को केवल धर्म, समुदाय या पहचान के आधार पर grooming कहना उचित नहीं है। किसी विशेष मामले में निष्कर्ष निकालने के लिए उपलब्ध सबूत और जांच महत्वपूर्ण होते हैं।
सोशल मीडिया पर पहले भी सामने आ चुके हैं ऐसे दावे
ब्रिटेन में सिख युवतियों को कथित तौर पर निशाना बनाए जाने से संबंधित कुछ वीडियो और सोशल मीडिया दावे पहले भी सामने आए हैं। इनमें कथित तौर पर एक संगठित नेटवर्क और धर्म परिवर्तन के लिए आर्थिक प्रोत्साहन जैसी बातें कही गई थीं।
इन दावों में अलग-अलग धर्मों की महिलाओं के लिए अलग-अलग रकम दिए जाने की बात भी कही गई थी। हालांकि, ऐसे दावों की विश्वसनीयता और उनके समर्थन में उपलब्ध सबूतों की स्वतंत्र पुष्टि जरूरी है। सोशल मीडिया पर वायरल किसी वीडियो या बयान को जांच के बिना स्थापित तथ्य नहीं माना जा सकता।
जांच और आधिकारिक जानकारी का इंतजार
मौजूदा मामले में परिवार की ओर से लगाए गए आरोप गंभीर हैं, लेकिन अभी तक उपलब्ध जानकारी मुख्य रूप से युवती की मां के बयान पर आधारित है। इसलिए मामले की वास्तविक स्थिति पुलिस जांच और संबंधित पक्षों के आधिकारिक बयान के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
इस बीच, संवेदनशील धार्मिक और सामुदायिक मामलों में अपुष्ट दावों को तथ्य के रूप में प्रसारित करने से बचना जरूरी है।

