Punjabi Doordarshan | हेल्थ अलर्ट
लुधियाना: दूध और उससे बने उत्पादों को लेकर एक चौंकाने वाली रिपोर्ट सामने आई है, जिसने लोगों की सेहत को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सैंपल रिपोर्ट ने बढ़ाई चिंता
स्वास्थ्य विभाग की जांच के अनुसार:
- कुल 1220 सैंपल लिए गए
- इनमें से 211 सैंपल फेल पाए गए
- 71 सैंपल पनीर के फेल
- 27 सैंपल देसी घी के फेल
यानी बड़ी मात्रा में दूध उत्पाद गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरे।
सैंपलिंग में भी घटी संख्या
रिपोर्ट में एक और चिंता की बात सामने आई:
- पहले हर महीने करीब 250 सैंपल लेने का लक्ष्य था
- अब यह घटाकर सिर्फ 50-60 सैंपल रह गया
- कई महीनों में तो टारगेट भी पूरा नहीं हुआ
उदाहरण:
- मार्च 2024: सिर्फ 6 सैंपल
- मई: 13
- जून: 21
- जुलाई: 22
- अगस्त: सिर्फ 9
लोगों की सेहत पर खतरा
इस रिपोर्ट के बाद यह सवाल उठ रहे हैं:
- क्या हम जो पनीर और घी खा रहे हैं, वह सुरक्षित है?
- मिलावट से जुड़ी बीमारियों का खतरा कितना बढ़ चुका है?
अधिकारियों का क्या कहना है
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार:
- मिल्क प्रोडक्ट्स की जांच जारी है
- फेल सैंपलों पर कानून के तहत कार्रवाई की जाती है
- आगे भी सख्ती जारी रहेगी
क्या करें आम लोग?
- भरोसेमंद ब्रांड या दुकानों से ही खरीदारी करें
- शक होने पर प्रोडक्ट का इस्तेमाल न करें
- खुला और बिना लेबल वाला सामान लेने से बचें
यह रिपोर्ट साफ संकेत देती है कि खाने-पीने की चीजों में मिलावट एक गंभीर समस्या बन चुकी है, जिस पर सख्त कार्रवाई और जागरूकता दोनों जरूरी हैं।

