परविंदर झोटा के अंतिम संस्कार पर सहमति, 6 नवंबर को PGI में होगा पोस्टमॉर्टम

परविंदर झोटा के अंतिम संस्कार के लिए परिवार राजी, 6 नवंबर को PGI में होगा पोस्टमॉर्टम; सरकार ने मानीं कई मांगें

मानसा में नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की मौत के 23 दिन बाद परिवार अंतिम संस्कार के लिए राजी हो गया है। बुधवार को परिवार और इंसाफ कमेटी की पंजाब सरकार के प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक में कई मांगों पर सहमति बनी। झोटा का 6 नवंबर को चंडीगढ़ स्थित PGI में पोस्टमॉर्टम कराया जाएगा। हालांकि, अंतिम संस्कार किस दिन होगा, इसकी तारीख अभी तय नहीं हुई है।

बैठक में पंजाब विधानसभा के स्पीकर कुलतार सिंह संधवां और कृषि मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां मौजूद रहे। सहमति के अनुसार, मुख्यमंत्री भगवंत मान और DGP के इस्तीफे की मांग को छोड़कर परिवार की बाकी मांगें स्वीकार कर ली गई हैं।

परिवार को 2 करोड़ रुपये मुआवजा, पत्नी को मिलेगी सरकारी नौकरी

सरकार की ओर से परिवार को 2 करोड़ रुपये मुआवजा देने पर सहमति बनी है। इसके अलावा झोटा की पत्नी को उनकी योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरी दी जाएगी।

बैठक में यह भी तय हुआ कि झोटा के पिता और एंटी ड्रग टास्क टीम के सदस्यों के खिलाफ दर्ज मामले रद्द किए जाएंगे। मानसा में परविंदर सिंह झोटा की प्रतिमा स्थापित की जाएगी और उनके नाम पर गांव ख्याला में ट्रॉमा सेंटर बनाया जाएगा।

लक्खा सिधाना समेत प्रदर्शनकारियों की होगी रिहाई

बैठक में जेल में बंद लक्खा सिधाना सहित अन्य प्रदर्शनकारियों की रिहाई पर भी सहमति बनी है। इन मांगों पर सरकार के साथ सहमति बनने के बाद 5 नवंबर को संगरूर में मुख्यमंत्री आवास के घेराव का प्रस्तावित कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया है।

हालांकि, मुख्यमंत्री और पुलिस महानिदेशक के इस्तीफे की मांग पर सहमति नहीं बन पाई। परिवार और एक्शन कमेटी ने बाकी मांगों को लेकर सरकार के आश्वासन के बाद अंतिम संस्कार के लिए सहमति दी है।

13 अक्टूबर को गोली मारकर हुई थी झोटा की हत्या

परविंदर सिंह झोटा की 13 अक्टूबर को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वह क्षेत्र में नशे के खिलाफ अभियान चलाने और नशा बेचने वालों के विरोध के लिए जाने जाते थे। उनकी मौत के बाद परिवार और समर्थकों ने न्याय की मांग को लेकर प्रदर्शन शुरू किया था।

परिवार ने मामले की निष्पक्ष जांच और अन्य मांगों को लेकर शव का अंतिम संस्कार नहीं किया था। अब 6 नवंबर को PGI चंडीगढ़ में पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अंतिम संस्कार की तारीख तय की जाएगी।

केमिस्ट की दुकान तोड़ने के मामले में 1,200 अज्ञात लोगों पर केस

झोटा मामले से जुड़े घटनाक्रम के बीच मानसा पुलिस ने केमिस्ट अश्विनी कुमार की दुकान में तोड़फोड़ के मामले में करीब 1,200 अज्ञात युवकों के खिलाफ केस दर्ज किया है।

बुधवार को पुलिस और CBI की टीम जेसीबी मशीन के साथ दुकान के बाहर पहुंची। दुकान का मलबा हटाया गया, ताकि जांच टीम मौके से जरूरी साक्ष्य जुटा सके।

इस मामले में मानसा पुलिस ने मंगलवार को पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में स्टेटस रिपोर्ट भी दाखिल की थी। पुलिस ने अदालत को बताया कि युवकों के खिलाफ 15 अक्टूबर को ही मामला दर्ज कर लिया गया था।

झोटा के परिवार और सरकार के बीच हुई बैठक के बाद अब मामले में अंतिम संस्कार की प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद है। वहीं, हत्या और दुकान में तोड़फोड़ से जुड़े मामलों की जांच जारी है।

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