परविंदर झोटा हत्याकांड: फायरिंग से पहले केमिस्ट ने किए 5 फोन, पत्नी से कहा- ‘गोली मार दूंगा’
पुलिस जांच में कॉल डिटेल से जुड़े अहम तथ्य सामने आने का दावा, झोटा के पिता ने उठाए सवाल; पत्नी से भी पूछताछ जारी
पंजाब के मानसा में नशा विरोधी कार्यकर्ता परविंदर सिंह झोटा की हत्या के मामले में पुलिस जांच के दौरान फायरिंग से पहले किए गए फोन कॉल को लेकर अहम जानकारी सामने आई है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी केमिस्ट अश्विनी कुमार ने घटना से पहले कुल पांच फोन कॉल किए थे। इनमें तीन कॉल बेटे, एक पत्नी और एक चाचा को की गई बताई गई है।
रिपोर्ट के अनुसार, झोटा के फेसबुक लाइव वीडियो में भी आरोपी को फोन पर बात करते देखा जा सकता है। पुलिस अब इन कॉल के संदर्भ और घटना से उनके संभावित संबंध की जांच कर रही है। हालांकि, फोन पर हुई बातचीत से जुड़ी सभी जानकारियों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
फायरिंग से पहले पांच कॉल करने का दावा
पुलिस जांच के मुताबिक, अश्विनी कुमार ने सबसे पहले अपने बेटे को फोन किया था। रिपोर्ट में बताया गया है कि बेटे ने उस समय फोन नहीं उठाया, क्योंकि वह नहा रहा था। इसके बाद आरोपी ने अपनी पत्नी और चाचा से भी संपर्क किया।
पुलिस के अनुसार, पत्नी से बातचीत के दौरान आरोपी ने कथित तौर पर कहा कि झोटा फिर दुकान पर आकर हंगामा कर रहा है और वह उसे गोली मार देगा। चाचा से बातचीत में भी झोटा को मारने की बात कहे जाने का दावा किया गया है।
इन कॉल के समय, बातचीत की वास्तविक सामग्री और घटना से उनके संबंध को लेकर जांच जारी है।
पिता ने कॉल डिटेल सार्वजनिक करने की मांग की
परविंदर झोटा के पिता भीमसैन ने आरोप लगाया है कि फायरिंग से पहले अश्विनी कुमार ने किसी प्रभावशाली व्यक्ति से फोन पर बातचीत की थी। उनका सवाल है कि आरोपी ने घटना से पहले किन लोगों से संपर्क किया और क्या उन बातचीत का हत्या से कोई संबंध था।
उन्होंने मांग की है कि घटना से पहले किए गए फोन कॉल की जानकारी और संबंधित कॉल डिटेल की जांच पारदर्शी तरीके से की जाए। पुलिस की जांच में इन आरोपों की पुष्टि होना अभी बाकी है।
व्हाट्सऐप कॉल और संदेशों की भी जांच की आशंका
रिपोर्ट के मुताबिक, जांच में यह भी पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि घटना से पहले आरोपी ने व्हाट्सऐप के जरिए किसी से कॉल या संदेशों के माध्यम से संपर्क किया था या नहीं।
हालांकि, इस पहलू पर पुलिस की ओर से विस्तृत आधिकारिक जानकारी सामने आने की पुष्टि नहीं है। डिजिटल रिकॉर्ड और अन्य साक्ष्यों की जांच से ही इस बारे में स्पष्टता आ सकेगी।
आरोपी की पत्नी से भी पूछताछ
हत्या के बाद पुलिस ने अश्विनी कुमार की पत्नी नीलम रानी को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की। रिपोर्ट के अनुसार, मेडिकल स्टोर पत्नी के नाम पर संचालित था। पुलिस को संदेह है कि घटना के बाद आरोपी को भागने में मदद मिली हो सकती है।
यह फिलहाल जांच का हिस्सा है। पत्नी की भूमिका या किसी तरह की संलिप्तता को लेकर अंतिम निष्कर्ष सामने नहीं आया है।
फेसबुक लाइव के दौरान हुई थी बहस और फायरिंग
परविंदर सिंह झोटा की 13 अक्टूबर 2026 को मानसा में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। रिपोर्ट के अनुसार, वह नशे की बिक्री का विरोध करने के लिए अश्विनी कुमार के मेडिकल स्टोर पर पहुंचे थे और फेसबुक लाइव कर रहे थे।
बताया गया है कि दोनों के बीच बहस हुई, जिसके बाद आरोपी ने कथित तौर पर पिस्तौल निकालकर झोटा पर गोलियां चला दीं। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया और लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया। बाद में मेडिकल स्टोर और आरोपी के घर पर तोड़फोड़ तथा आगजनी की घटनाएं भी सामने आईं। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और हत्या से पहले के घटनाक्रम, फोन कॉल तथा संभावित अन्य संपर्कों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

