Raghav Chadha Voter Row: AAP का दावा- 7 दिन में दिल्ली में बना वोट, राघव चड्ढा बोले- मेरे इश्क में पागल हैं; जमकर साधा निशाना

Raghav Chadha Voter Row: वोट को लेकर AAP और राघव चड्ढा आमने-सामने

पंजाब से BJP के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा के वोट को लेकर आम आदमी पार्टी और उनके बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। AAP के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनुराग ढांडा ने गुरुवार को दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दावा किया कि चड्ढा ने 26 अगस्त को दिल्ली में वोट बनवाने के लिए आवेदन किया था और महज कुछ दिनों में राजिंदर नगर क्षेत्र की मतदाता सूची में उनका नाम शामिल हो गया।

AAP ने इस पूरी प्रक्रिया की गति और टाइमलाइन पर सवाल उठाते हुए चुनावी प्रक्रिया में पक्षपात के आरोप लगाए। वहीं राघव चड्ढा ने पलटवार करते हुए AAP नेताओं पर तंज कसा और कहा कि वे दिन-रात उन्हीं का नाम लेते रहते हैं।

AAP का दावा- 7 दिन में पूरा हुआ वोट का प्रोसेस

अनुराग ढांडा के मुताबिक, राघव चड्ढा ने 26 अगस्त को दिल्ली में वोट के लिए आवेदन किया था। उनके अनुसार, 1 सितंबर को BLO नियुक्त हुआ, 2 सितंबर को फील्ड वेरिफिकेशन हुई और उसी दिन आवेदन को मंजूरी मिलने के साथ वोटर रिकॉर्ड तैयार हो गया।

AAP नेता ने इस तेजी पर सवाल उठाते हुए कहा कि आम नागरिकों के आवेदनों को इतनी तेजी से पूरा नहीं किया जाता।

उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि एक अन्य आवेदक ने 5 अगस्त को आवेदन किया था, लेकिन उसके मामले में अभी तक BLO की नियुक्ति तक नहीं हुई।

पंजाब सरकार पर आरोप लगाने को लेकर AAP का सवाल

ढांडा ने राघव चड्ढा के पुराने बयान का हवाला देते हुए कहा कि यदि 2 सितंबर को दिल्ली में उनका वोट बन चुका था, तो 3 सितंबर को उन्होंने पंजाब सरकार पर उनका वोट हटाने का आरोप क्यों लगाया?

AAP के मुताबिक, मतदाता सूची से जुड़े काम चुनाव आयोग के अधिकार क्षेत्र में आते हैं और इसमें राज्य सरकार की सीधी भूमिका नहीं होती।

ढांडा ने कहा कि वोट बनने और पुराने वोट से संबंधित प्रक्रिया की सही तरीके से जांच होनी चाहिए।

AAP ने दो वोट रखने का भी लगाया आरोप

अनुराग ढांडा ने दावा किया कि यदि कोई व्यक्ति अपना मतदाता क्षेत्र बदलता है तो नियमानुसार पुराने स्थान से वोट हटाने की प्रक्रिया भी पूरी होनी चाहिए।

उन्होंने सवाल उठाया कि क्या राघव चड्ढा ने पुराने वोट को हटाने की प्रक्रिया पूरी कराई थी। साथ ही उन्होंने चुनाव आयोग से इस पूरे मामले की जांच की मांग की।

हालांकि, AAP की ओर से लगाए गए इन आरोपों पर अंतिम स्थिति संबंधित चुनावी रिकॉर्ड और आधिकारिक जांच से ही स्पष्ट होगी।

पते और वोटर क्षेत्र को लेकर भी सवाल

AAP नेता ने राघव चड्ढा के दिल्ली स्थित आवास और उनके नए वोटर क्षेत्र को लेकर भी सवाल उठाया।

ढांडा ने दावा किया कि चड्ढा को पंडारा रोड पर आवास मिला हुआ है, जबकि उनका वोट राजिंदर नगर में दर्ज किया गया है। उन्होंने पूछा कि ऐसी स्थिति में मतदाता क्षेत्र का निर्धारण किस आधार पर किया गया।

राघव चड्ढा का पलटवार- ‘मेरे प्यार में पागल हैं’

AAP के आरोपों पर राघव चड्ढा ने भी तीखा जवाब दिया। उन्होंने AAP नेताओं पर तंज कसते हुए कहा कि वह उनके सपनों में आते हैं और पार्टी के नेता लगातार उनका नाम लेते रहते हैं।

चड्ढा ने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि उन्हें लगता है कि AAP नेता अभी भी उनके प्यार में पागल हैं। उन्होंने यह भी तंज किया कि कहीं उनकी याद में पार्टी के नेता खुद को नुकसान न पहुंचा लें।

इस बयान के जरिए चड्ढा ने AAP के आरोपों को राजनीतिक बयानबाजी करार देते हुए पलटवार किया।

पहले पंजाब की वोटर लिस्ट को लेकर उठाया था सवाल

दरअसल, राघव चड्ढा ने इससे पहले पंजाब में चल रही वोटर लिस्ट प्रक्रिया के दौरान अपने नाम को लेकर सवाल उठाया था।

उन्होंने दावा किया था कि मोहाली की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट में उनका नाम हटाकर उन्हें ‘शिफ्टेड’ श्रेणी में डाल दिया गया। चड्ढा ने इसे सामान्य प्रशासनिक गलती के बजाय कथित साजिश बताया था और SIR प्रक्रिया के तहत आपत्ति दर्ज कराने की बात कही थी।

अब दिल्ली में उनके नए वोटर रिकॉर्ड को लेकर AAP ने सवाल उठाए हैं।

चुनाव आयोग की भूमिका पर भी सियासी सवाल

पूरे विवाद में चुनाव आयोग की भूमिका भी चर्चा में आ गई है। AAP ने आरोप लगाया कि अलग-अलग मतदाताओं के आवेदन निपटाने की प्रक्रिया में समान गति नहीं दिखाई जा रही।

ढांडा ने आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए राजनीतिक प्रभाव में काम करने का आरोप भी लगाया। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि खबर में उपलब्ध जानकारी के आधार पर नहीं हुई है।

वहीं, राघव चड्ढा ने AAP के आरोपों का जवाब देते हुए इसे राजनीतिक हमला बताया है।

अब आगे क्या?

राघव चड्ढा के वोट को लेकर विवाद अब पंजाब से निकलकर दिल्ली की मतदाता सूची तक पहुंच गया है। एक तरफ AAP वोट बनने की प्रक्रिया की टाइमलाइन और पते को लेकर सवाल उठा रही है, वहीं चड्ढा अपने अंदाज में पार्टी नेताओं पर पलटवार कर रहे हैं।

अब इस मामले में चुनाव आयोग की ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक स्पष्टीकरण आता है या नहीं, इस पर सभी की नजर रहेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *