Gurdaspur Murder: कांग्रेसी सरपंच के 27 वर्षीय भाई की गोली मारकर हत्या, पुरानी रंजिश का शक; गैंग ने ली जिम्मेदारी

Gurdaspur Murder: कांग्रेसी सरपंच के 27 वर्षीय भाई की गोली मारकर हत्या, पुरानी रंजिश का शक

गुरदासपुर के डेरा बाबा नानक इलाके में कांग्रेसी सरपंच के भाई की गोली मारकर हत्या का मामला सामने आया है। मृतक की पहचान 27 वर्षीय सुखराज सिंह उर्फ काका के रूप में हुई है। वह धार्मिक कार्यक्रम से बाइक पर घर लौट रहा था, तभी कार सवार हमलावरों ने कथित तौर पर उसका पीछा कर फायरिंग कर दी।

पुलिस इस घटना को फिलहाल गैंगवार के बजाय पुरानी आपसी रंजिश से जोड़कर जांच कर रही है। वहीं, सोशल मीडिया पर एक गैंग की ओर से हत्या की जिम्मेदारी लेने वाली पोस्ट भी सामने आई है, जिसकी पुलिस स्तर पर पुष्टि होना बाकी है।

धार्मिक समागम से लौट रहा था सुखराज

कांग्रेसी सरपंच नवदीप सिंह के अनुसार, सुखराज सिंह शनिवार को बाबा श्री चंद जी की जयंती के अवसर पर टाहली साहिब गुरुद्वारे में आयोजित धार्मिक समागम में माथा टेकने गया था।

रात करीब 8:30 बजे वह बाइक से अपने घर की ओर लौट रहा था। इसी दौरान एक स्विफ्ट कार में सवार युवकों ने उसका पीछा किया। आरोप है कि कार को बाइक के आगे लगाकर उसे रोक दिया गया और इसके बाद कुछ हमलावरों ने उतरकर फायरिंग शुरू कर दी।

सिर-चेहरे और शरीर के अन्य हिस्सों में लगी गोलियां

परिवार के मुताबिक, हमले में सुखराज को कई गोलियां लगीं। रिपोर्ट के अनुसार, उसके सिर-चेहरे, छाती और पेट पर गोली लगने की बात सामने आई है। गंभीर रूप से घायल होने के कारण उसने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया।

सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। घटनास्थल से दो कारतूस के खोल मिलने की जानकारी दी गई है। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए बटाला भेजा गया।

करीब 3 महीने पहले भी हुई थी फायरिंग

परिवार ने बताया कि सुखराज पर करीब तीन महीने पहले भी हमला हुआ था। उस समय वह रात में घर लौट रहा था और अज्ञात लोगों ने उस पर फायरिंग की थी। हालांकि उस हमले में उसे गोली नहीं लगी और उसकी जान बच गई थी।

सुखराज की शादी करीब एक साल पहले हुई थी। उसकी कोई संतान नहीं थी।

मृतक पर 27 आपराधिक मामले दर्ज होने की बात

पुलिस के अनुसार, मृतक के खिलाफ पहले से कई आपराधिक मामले दर्ज थे। पुलिस ने बताया कि सुखराज पर करीब 27 केस दर्ज थे और कई मामलों में वह जमानत पर था।

इन मामलों में बटाला, डेरा बाबा नानक और गुरदासपुर के अलावा पंजाब के अन्य जिलों में दर्ज मामले भी शामिल बताए गए हैं। पुलिस ने यह भी कहा कि दोनों पक्षों के खिलाफ पहले से NDPS एक्ट समेत अन्य आपराधिक मामले दर्ज हैं।

सोशल मीडिया पर गैंग की जिम्मेदारी वाली पोस्ट

हत्या के बाद सोशल मीडिया पर ‘आकाश हरीके 47 बादल ग्रुप USA’ के नाम से एक पोस्ट सामने आई, जिसमें हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया है। पोस्ट में मृतक पर नशा तस्करी से जुड़े आरोप लगाए गए और कथित तौर पर पुरानी दुश्मनी का जिक्र किया गया।

हालांकि, इस पोस्ट की स्वतंत्र या पुलिस स्तर पर पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए सोशल मीडिया पर किए गए दावे को फिलहाल जांच का हिस्सा माना जा रहा है।

 

SHO बोले- गैंगवार कहना जल्दबाजी

डेरा बाबा नानक थाना प्रभारी अशोक कुमार ने बताया कि वरिष्ठ अधिकारियों के साथ घटनास्थल का निरीक्षण किया गया है। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है और मामले की जांच जारी है।

SHO के मुताबिक, शुरुआती जांच में इसे सीधे गैंगवार कहना उचित नहीं होगा। पुलिस का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच लंबे समय से रंजिश चल रही थी और हत्या इसी विवाद से जुड़ी हो सकती है।

पुलिस ने आरोपियों की पहचान होने की बात कही है और उनकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई जारी है। हत्या के पीछे वास्तविक कारण और हमले में शामिल लोगों की भूमिका जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *