बठिंडा: नहर में बहे भाई-बहन का 48 घंटे बाद भी पता नहीं, NDRF की टीमें तलाश में जुटीं
बठिंडा: पंजाब के बठिंडा में गणपति विसर्जन के दौरान नहर में बहे दो मासूम भाई-बहन का 48 घंटे बीतने के बाद भी कोई सुराग नहीं मिला है। लापता बच्चों की तलाश के लिए राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) की टीमें लगातार अभियान चला रही हैं। पुलिस और सामाजिक संगठनों के सदस्य भी खोज अभियान में जुटे हुए हैं।
गणपति विसर्जन के दौरान हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, मंगलवार देर शाम गणपति विसर्जन के दौरान 7 साल की बच्ची और उसका 11 वर्षीय भाई नहर में बह गए थे। घटना के बाद से ही दोनों बच्चों की तलाश शुरू कर दी गई थी, लेकिन खबर लिखे जाने तक उनका पता नहीं चल सका था।
NDRF और सामाजिक संगठन तलाश में जुटे
बच्चों को खोजने के लिए NDRF की टीमें नहर में और उसके आसपास के इलाकों में तलाश कर रही हैं। कुछ सामाजिक संस्थाओं के सदस्य भी इस अभियान में सहयोग दे रहे हैं। पुलिस लगातार स्थिति पर नजर रखे हुए है।
नहर में पानी का तेज बहाव होने के कारण बचाव अभियान में मुश्किलें आ रही हैं। टीमें आसपास के क्षेत्रों में भी बच्चों का पता लगाने का प्रयास कर रही हैं।
सुरक्षा इंतजामों को लेकर लोगों में नाराजगी
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन के सुरक्षा इंतजामों पर सवाल उठाए हैं। लोगों का आरोप है कि गणपति विसर्जन जैसे आयोजनों को देखते हुए नहर के पास पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई थी। उनका कहना है कि मौके पर गोताखोरों और पुलिसकर्मियों की तैनाती जैसे इंतजाम होने चाहिए थे।
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि धार्मिक आयोजनों के दौरान नहरों और अन्य जल स्रोतों के पास सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने में मदद मिल सके।
पुलिस ने क्या बताया?
थाना थर्मल के प्रभारी के अनुसार, NDRF की टीमें नहर में काफी दूर तक बच्चों की तलाश कर रही हैं। बचाव अभियान लगातार जारी है और टीमें दोनों बच्चों का पता लगाने की कोशिश कर रही हैं।
इस घटना ने इलाके में चिंता का माहौल पैदा कर दिया है। परिवार और स्थानीय लोग बच्चों के मिलने की उम्मीद लगाए हुए हैं।

