हजारों पंजाबियों पर डिपोर्टेशन का खतरा! कनाडा के नए कानून से बढ़ी चिंता
Canada से पंजाबियों के लिए बड़ी और चिंताजनक खबर सामने आई है। नए इमिग्रेशन नियमों के बाद हजारों लोगों पर डिपोर्टेशन (निर्वासन) का खतरा मंडराने लगा है, जिससे खासकर पंजाब के युवाओं में चिंता का माहौल है।
क्या है पूरा मामला?
- ताजा रिपोर्ट के अनुसार करीब 30,000 लोगों पर डिपोर्टेशन का खतरा
- इनमें बड़ी संख्या पंजाबी समुदाय की बताई जा रही है
- कनाडा सरकार ने असाइलम (शरण) दावों पर सख्ती शुरू कर दी है
नए कानून में क्या बदला?
- मार्च 2026 से लागू नियमों के अनुसार:
24 जून 2020 के बाद शरण आवेदन करने वाले
और 1 साल से ज्यादा समय से रह रहे लोगउनके दावे खारिज किए जा सकते हैं
- इसके अलावा:
- अवैध तरीके से अमेरिका के रास्ते आए लोगों पर सख्ती
- वीजा और वर्क परमिट भी रद्द किए जा रहे हैं
सबसे ज्यादा असर पंजाबियों पर क्यों?
इमिग्रेशन एक्सपर्ट्स के अनुसार:
- कनाडा में शरण लेने वाले भारतीयों में पंजाबियों की संख्या अधिक
- इसलिए नए नियमों का सबसे ज्यादा असर इसी समुदाय पर पड़ेगा
शरण के रास्ते लगभग बंद
विशेषज्ञों का मानना है:
- अब असाइलम के जरिए PR (Permanent Residency) पाना मुश्किल
- सरकार ने इस रास्ते को लगभग बंद कर दिया है
क्या हैं सुरक्षित विकल्प?
- स्किल्ड वर्कर प्रोग्राम
- स्टडी वीजा
- वैध वर्क परमिट
ये ही अब कनाडा जाने और रहने के सुरक्षित रास्ते माने जा रहे हैं
किन पर नहीं होगा असर?
- पहले से Permanent Residents (PR)
- वैध वीजा या परमिट पर रह रहे लोग
इन पर नए नियम लागू नहीं होंगे
निष्कर्ष
कनाडा के नए इमिग्रेशन कानून ने खासकर पंजाब के युवाओं के लिए मुश्किलें बढ़ा दी हैं। अब बिना वैध दस्तावेज या गलत तरीके से गए लोगों के लिए वहां टिक पाना बेहद कठिन होता जा रहा है।

