AAP का कांग्रेस पर बड़ा हमला, टिकट बेचने के लगाए आरोप; बलतेज पन्नू बोले- इस बार हेलिकॉप्टर तक पहुंच सकती है बात
पंजाबी दूरदर्शन | मोहाली
पंजाब की राजनीति में कांग्रेस के भीतर जारी संगठनात्मक हलचल के बीच आम आदमी पार्टी (AAP) ने कांग्रेस पर गंभीर राजनीतिक आरोप लगाए हैं। पार्टी के महासचिव बलतेज पन्नू ने दावा किया कि कांग्रेस में टिकट वितरण को लेकर लंबे समय से सवाल उठते रहे हैं और अब इस मुद्दे पर नई चर्चाएं सामने आ रही हैं।
मीडिया से बातचीत के दौरान पन्नू ने कहा कि हाल ही में एक अन्य राज्य के कांग्रेस नेता द्वारा टिकट वितरण को लेकर दिए गए बयान के बाद इस मुद्दे पर बहस तेज हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले भी टिकटों के बदले महंगी गाड़ियों तक की चर्चाएं होती रही हैं और भविष्य में यह मामला और बड़े स्तर तक पहुंच सकता है।
टिकट वितरण को लेकर उठाए सवाल
बलतेज पन्नू ने कहा कि कांग्रेस के भीतर टिकट आवंटन को लेकर समय-समय पर अलग-अलग नेताओं की ओर से सवाल उठाए जाते रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि पार्टी के कुछ नेताओं ने पहले भी सार्वजनिक रूप से टिकट वितरण प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए थे।
हालांकि, उन्होंने अपने आरोपों के समर्थन में कोई दस्तावेज़ या प्रत्यक्ष साक्ष्य सार्वजनिक नहीं किए।
सुखजिंदर रंधावा की मुलाकात पर भी टिप्पणी
AAP नेता ने कांग्रेस सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा की केंद्रीय गृह मंत्री से हुई मुलाकात का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक चर्चाएं जारी हैं और कांग्रेस को इस विषय पर स्पष्टता देनी चाहिए।
रंधावा की ओर से पहले कहा जा चुका है कि उनकी मुलाकात अन्य प्रशासनिक और जनहित से जुड़े मुद्दों के संदर्भ में हुई थी।
कांग्रेस और भाजपा पर साधा निशाना
बलतेज पन्नू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच राजनीतिक स्तर पर नजदीकियां बढ़ रही हैं। उन्होंने दावा किया कि आने वाले समय में कांग्रेस के कुछ नेता भाजपा का रुख कर सकते हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि राष्ट्रीय दलों के संगठनात्मक फैसले केंद्रीय नेतृत्व द्वारा लिए जाते हैं और इसी संदर्भ में उन्होंने कांग्रेस नेतृत्व पर भी टिप्पणी की।
कांग्रेस की ओर से नहीं आई आधिकारिक प्रतिक्रिया
AAP की ओर से लगाए गए इन आरोपों पर फिलहाल पंजाब कांग्रेस की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि 2027 के विधानसभा चुनाव नजदीक आने के साथ प्रदेश में प्रमुख राजनीतिक दलों के बीच बयानबाजी और आरोप-प्रत्यारोप का दौर और तेज हो सकता है।

