गुलाबचंद कटारिया ने की पंजाब पुलिस की तारीफ, चंडीगढ़ के दो हत्याकांडों का किया जिक्र

चंडीगढ़ प्रशासक गुलाबचंद कटारिया ने की पंजाब पुलिस की तारीफ, बोले- हत्याकांड के आरोपियों को पकड़ने में मिली मदद

चंडीगढ़ के प्रशासक और पंजाब के राज्यपाल गुलाबचंद कटारिया ने ट्राईसिटी में हुए दो चर्चित हत्याकांडों के आरोपियों को गिरफ्तार करने में सहयोग के लिए पंजाब सरकार और पंजाब पुलिस की सराहना की है। उन्होंने कहा कि इन मामलों में पंजाब पुलिस ने चंडीगढ़ पुलिस की काफी मदद की और अब आरोपी जेल में हैं।

कटारिया ने यह बात रविवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में आयोजित चंडीगढ़ पुलिस के प्रेसिडेंट्स कलर सम्मान समारोह के दौरान कही। इस कार्यक्रम में शहर को नई तोपों की सौगात भी दी गई।

अपने संबोधन में कटारिया ने सेक्टर-9 और सेक्टर-11 में हुई गोलीबारी की घटनाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ जैसे शहर में दिनदहाड़े सरेआम गोली मारकर हत्या की घटनाएं बेहद दुखद हैं। इन वारदातों की जानकारी मिलने पर उन्हें गहरा दुख पहुंचा था।

उन्होंने बताया कि घटनाओं के बाद चंडीगढ़ पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को बुलाकर अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए थे। साथ ही यह सुनिश्चित करने को कहा गया था कि ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।

सेक्टर-9 में प्रॉपर्टी डीलर चमनप्रीत सिंह की हत्या

सेक्टर-9 में प्रॉपर्टी डीलर चमनप्रीत सिंह उर्फ चिन्नी कुबाहेड़ी की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने इस मामले में कथित मास्टरमाइंड अमरीन राय को गिरफ्तार किया था।

पुलिस जांच के मुताबिक, हत्या की साजिश के पीछे न्यू चंडीगढ़ में खरीदी गई प्रॉपर्टी को लेकर विवाद था। अमरीन का आरोप था कि चमनप्रीत ने उसे महंगे दाम पर प्रॉपर्टी बेची, लेकिन कब्जा नहीं दिया। इससे उसे आर्थिक नुकसान हुआ था। पुलिस के अनुसार, इसी विवाद के चलते हत्या की साजिश रची गई।

जांच में गैंगस्टर लकी पटियाल की कथित भूमिका भी सामने आई थी। पुलिस के मुताबिक, मोहाली के गांव कैम्बाला निवासी प्रॉपर्टी डीलर हर्षप्रीत सिंह ने अमरीन और गैंगस्टर के बीच संपर्क करवाने में मध्यस्थ की भूमिका निभाई थी। इसके लिए एन्क्रिप्टेड ऐप का इस्तेमाल किए जाने की बात भी जांच में सामने आई।

सेक्टर-11 में दवा विक्रेता जानकी दास की हत्या

दूसरी घटना सेक्टर-11 में हुई थी, जहां दवा विक्रेता जानकी दास की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में चंडीगढ़ पुलिस ने जिला अदालत में 500 से अधिक पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। इसमें शूटर सन्नी मेहरा, अमित उर्फ शराबी और आर्यन समेत नौ लोगों को आरोपी बनाया गया है।

चार्जशीट में पुलिस को दिए गए शूटर सन्नी मेहरा के बयान का भी उल्लेख है। उसके अनुसार, शुरुआत में उसे और अमित को जानकी दास की हत्या करने की जानकारी नहीं दी गई थी। उन्हें केवल सेक्टर-11 स्थित कुमार ब्रदर्स मेडिकल स्टोर चलाने वाले दो भाइयों को डराने के लिए कहा गया था।

दुकान के हुलिए के आधार पर बनाया गया निशाना

चार्जशीट के मुताबिक, बाद में शूटरों को निशाने पर मौजूद व्यक्ति की पहचान बताई गई। उन्हें कहा गया था कि दुकान के कैश काउंटर पर एक भारी शरीर वाला व्यक्ति बैठा होगा और उसके पास एक लंबा लड़का खड़ा होगा। उस व्यक्ति ने सोने की चेन और हाथ में कड़ा पहना होगा।

पुलिस के अनुसार, शूटरों ने इसी पहचान के आधार पर जानकी दास को निशाना बनाया था। इन दोनों हत्याकांडों का जिक्र करते हुए गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि आरोपियों को पकड़ने में पंजाब सरकार और पुलिस का सहयोग अहम रहा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *