जालंधर में फर्जी IPS अधिकारी गिरफ्तार, सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी
जालंधर: जालंधर पुलिस ने खुद को आईपीएस अधिकारी बताकर सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये की ठगी करने के आरोप में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान अनमोल रत्न, निवासी फतेहगढ़, के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, वह खुद को प्रभावशाली आईपीएस अधिकारी बताकर लोगों को सरकारी नौकरी का झांसा देता था।
युवती से 31.50 लाख रुपये की कथित ठगी
पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने एक युवती से करीब 31 लाख 50 हजार रुपये ठग लिए। आरोप है कि उसने युवती को भरोसा दिलाया था कि वह उसे डीएसपी और उसके भाई को पंजाब पुलिस में नौकरी दिलवा देगा। इसके अलावा आरोपी ने अपने पिता के नाम पर भी 3 लाख रुपये जमा करवाए थे।
फर्जी दस्तावेजों से बनाता था भरोसा
प्रारंभिक जांच के अनुसार, अनमोल रत्न ने खुद को आईपीएस अधिकारी साबित करने के लिए कथित तौर पर फर्जी रिकॉर्ड और दस्तावेज तैयार कर रखे थे। इन्हीं दस्तावेजों और अपने कथित रसूख का इस्तेमाल कर वह लोगों का विश्वास जीतता और सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर मोटी रकम वसूलता था।
ठगी की रकम से खरीदी कोठी और कार
पुलिस का दावा है कि आरोपी ने कथित ठगी से हासिल रकम से नकोदर में एक आलीशान कोठी और एक कार खरीदी थी। जांच के दौरान आरोपी की पत्नी की भूमिका भी सामने आने पर उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
जलालाबाद से हुई गिरफ्तारी, रिमांड पर भेजे गए आरोपी
जानकारी के मुताबिक, पुलिस ने आरोपी और उसकी पत्नी को जलालाबाद से गिरफ्तार किया। दोनों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि आरोपी ने अब तक कितने लोगों को अपना शिकार बनाया और किन-किन स्थानों पर इस तरह की कथित ठगी को अंजाम दिया।
पहले से दर्ज थी एफआईआर
पुलिस के अनुसार, इस मामले में पिछले वर्ष ही एफआईआर दर्ज की गई थी। इसके बाद से आरोपी की तलाश की जा रही थी। अब गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसके पूरे नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन और अन्य संभावित ठगी के मामलों की भी जांच कर रही है।

