पंजाबी गायक के गाने में काम दिलाने का झांसा देकर गैंगरेप, 3 दोषियों को 20-20 साल की कैद
मोहाली: पंजाबी गायक के गाने की शूटिंग में काम दिलाने का झांसा देकर एक महिला कलाकार के साथ सामूहिक दुष्कर्म करने के मामले में अदालत ने तीन दोषियों को 20-20 साल की कैद की सजा सुनाई है। दोषियों की पहचान जसविंदर सिंह, दीपक कुमार और गुरविंदर सिंह के रूप में हुई है। अदालत ने मामले में पेश किए गए सबूतों और दलीलों पर विचार करने के बाद यह फैसला सुनाया।
शूटिंग में काम दिलाने का दिया था झांसा
पीड़िता की ओर से माजरी पुलिस थाने में दर्ज शिकायत के मुताबिक, वह पेशे से एक कलाकार है। 12 अक्टूबर 2022 को उसे एक संदेश मिला था, जिसमें पंजाबी गायक के गाने की शूटिंग में काम करने के बारे में पूछा गया था। पीड़िता ने इसके लिए सहमति दे दी।
इसके बाद उसे चंडीगढ़ के सेक्टर-43 पहुंचने के लिए कहा गया। शुरुआत में उसने वहां जाने से इनकार कर दिया, लेकिन बाद में संदेश भेजने वाला व्यक्ति उसे लेने के लिए उसके घर के बाहर पहुंच गया। इसके बाद वह उसके साथ जाने के लिए तैयार हो गई।
माजरी इलाके में गाड़ी रोककर छीना मोबाइल
शिकायत के अनुसार, रास्ते में पीड़िता ने उस व्यक्ति को फोन पर यह कहते सुना कि लड़कियों को खाना खिला दिया जाए, वह उन्हें लेने आ रहा है। सेक्टर-43 से आगे जाने के बाद जब उसने रास्ते और जगह के बारे में पूछा, तो उसे बताया गया कि वे अजीतपुर से अन्य लड़कियों को लेने जा रहे हैं।
पीड़िता के मुताबिक, अजीतपुर के पास मोटरसाइकिल पर सवार दो लोगों ने उनकी गाड़ी रोक ली। आरोप है कि उन्होंने गाड़ी की चाबी निकाल ली और पीड़िता का मोबाइल फोन छीन लिया।
चाकू दिखाकर धमकाने और सामूहिक दुष्कर्म का आरोप
पीड़िता ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि आरोपियों में से एक ने उसकी गर्दन पर चाकू रखकर उसे जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद तीनों ने उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया।
शिकायत के मुताबिक, आरोपियों ने पीड़िता का मुंह बंद किया और बार-बार उसका गला दबाया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
अदालत ने तीनों दोषियों को सुनाई सजा
मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलों और पेश किए गए सबूतों पर विचार किया। इसके बाद जसविंदर सिंह, दीपक कुमार और गुरविंदर सिंह को दोषी ठहराते हुए प्रत्येक को 20 साल की कैद की सजा सुनाई।
यह मामला कलाकारों को काम दिलाने के नाम पर दिए जाने वाले झूठे आश्वासनों और महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े गंभीर सवालों को सामने लाता है।

